Now Playing
मेरठ, उत्तर प्रदेश: जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद सुरक्षा को लेकर सतर्कता बढ़ा दी गई है। मेरठ ज़ोन के 7 जिलों से 150 पाकिस्तानियों को वापस भेजा गया है, जिनमें कुछ महिलाएं भी शामिल हैं। ये लोग अपनी रिश्तेदारियों के कारण भारत आए थे, जिन्हें अब जांच के बाद वापस पाकिस्तान भेज दिया गया है।#police
laxmi kant Sharma
(UTTAR PRADESH, MEERUT)
मेरठ, उत्तर प्रदेश: जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद सुरक्षा को लेकर सतर्कता बढ़ा दी गई है। मेरठ ज़ोन के 7 जिलों से 150 पाकिस्तानियों को वापस भेजा गया है, जिनमें कुछ महिलाएं भी शामिल हैं। ये लोग अपनी रिश्तेदारियों के कारण भारत आए थे, जिन्हें अब जांच के बाद वापस पाकिस्तान भेज दिया गया है।#police
लग्न करून फसवणाऱ्या टोळीचा कसा पर्दाफाश केला तपास अधिकारी यांनी सांगितली सविस्तर माहिती
वर्षा निघाली बेगम लग्न करून फसवणारी टोळी आटपाडी पोलिसांच्या जाळ्यात
अंबेडकर जयंती से पहले प्रतापगढ़ में पुलिस अलर्ट, देर रात निरीक्षण कर दिए सख्त निर्देश#latest_news
.➡️....Shrimad Bhagwat Mahapuran Katha ka aaj chautha din Hai katha Vyas paramhans Rajendra Nand Saraswati Ji Maharaj Sthan lakshmaneshwar Mandir Lakshman puri colony Barabanki
.➡️...."ममता दीदी को राम नाम से नफरत है. रामनवमी की शोभायात्रा नहीं निकलने देती हैं. -
➡️....मुजफ्फरनगर पुलिस का एक्शन: चोरी का खुलासा, हत्या आरोपी गिरफ्तार
चीख-पुकार के बीच रेस्क्यू: पुलिस ने शीशे तोड़कर बचाई 72 यात्रियों की जान
निलंगा येथे मुंबईचे आमदार मंगेश कुडाळकर यांच्या समोर शिंदे शिवसेनेच्या दोन गटात राडा
“ MANT- यमुना एक्सप्रेस-वे पर पलटी डबल डेकर बस… चीखों के बीच कैसे बची 72 जिंदगियां?”
मथुरा में सनसनी: शराब और जुए के आदी पति पर पत्नी को जहर देने का आरोप
Comments (1)
laxmi kant Sharma
26 Apr, 2025मेरठ ज़ोन के एडीजी भानु भास्कर ने इस कार्रवाई की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह पाकिस्तान से आए व्यक्तियों की वीसा और पासपोर्ट की जांच के बाद किया गया। सहारनपुर, हापुड़ सहित मेरठ ज़ोन के अन्य जिलों से कुल 150 पाकिस्तानियों को उनकी यात्रा की वैधता के आधार पर वापस भेजा गया है। भानु भास्कर ने कहा, "जो जिस रास्ते से आए थे, उन्हें उसी रास्ते से वापस भेजा गया है। हम वीज़ा और पासपोर्ट की जांच करते हुए यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि कोई भी अवैध तरीके से भारत में प्रवेश न कर सके।" यह कदम सुरक्षा की दृष्टि से उठाया गया है, खासकर पाकिस्तान से आने वाले संदिग्ध व्यक्तियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए। यह कार्रवाई यह सुनिश्चित करने के लिए की जा रही है कि देश की सुरक्षा में कोई खतरा न हो।