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बांग्लादेश: डॉ. यूनुस शासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन, चटगांव बंदरगाह प्रबंधन के फैसले का विरोध#International
Ashok Pawar MD
(INTERNATIONAL, BANGLADESH)
बांग्लादेश: डॉ. यूनुस शासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन, चटगांव बंदरगाह प्रबंधन के फैसले का विरोध#International
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हौथी विद्रोहियों का बयान: ईरान पर अमेरिकी हमले के बाद लाल सागर में अमेरिकी जहाजों पर हमले की धमकी #International
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Ashok Pawar MD
20 May, 2025Bangladesh: Protest against Dr. Yunus regime, protest against Chittagong Port management decision ढाका, बांग्लादेश – बांग्लादेश में डॉ. यूनुस शासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शनों की लहर तेज़ हो गई है, खासकर चिटगांव पोर्ट के प्रबंधन को एक विदेशी डीपी कंपनी को सौंपने के फैसले के बाद। इस निर्णय के खिलाफ लोगों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है, और सैकड़ों प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर आए हैं। प्रदर्शनकारियों ने इस फैसले को देश की संप्रभुता पर हमला करार देते हुए इसे पूरी तरह से खारिज कर दिया। उन्होंने मशाल जुलूस निकालकर अपना विरोध व्यक्त किया और शासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि चिटगांव पोर्ट का प्रबंधन एक विदेशी कंपनी को सौंपना बांग्लादेश की राष्ट्रीय सुरक्षा और आर्थिक हितों के खिलाफ है। यह विरोध प्रदर्शन बांग्लादेश के विभिन्न शहरों में फैला हुआ है, और लोगों का गुस्सा दिन-ब-दिन बढ़ता जा रहा है। सरकार के इस निर्णय को लेकर राजनीतिक और सामाजिक हलकों में भी तीखी प्रतिक्रिया हो रही है, और विपक्षी दलों ने इसे पूरी तरह से गलत कदम बताते हुए इसकी आलोचना की है। डॉ. यूनुस और उनकी सरकार पर दबाव बढ़ता जा रहा है, और विरोधी नेताओं ने इसे एक विदेशी ताकत के प्रभाव में आने की शुरुआत करार दिया है। बांग्लादेश की जनता का कहना है कि देश के महत्वपूर्ण संसाधनों को विदेशी कंपनियों के हाथों में देना बांग्लादेश की आर्थिक और राजनीतिक स्वतंत्रता को खतरे में डाल सकता है। स्थानीय प्रशासन और सुरक्षा बलों ने विरोध प्रदर्शनों पर कड़ी निगरानी रखना शुरू कर दी है, लेकिन फिलहाल स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है।