प्रतापगढ़ पुलिस की बड़ी कामयाबी: पशु चोर गिरोह का पर्दाफाश, तीन शातिर गिरफ्तार; चोरी की भैंस, पड़वा, तमंचा व पिकअप बरामद बाघराय/प्रतापगढ़। जनपद में अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत बाघराय पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने क्षेत्र में सक्रिय पशु चोरी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से चोरी की एक भैंस, एक पड़वा, एक अवैध 315 बोर तमंचा, एक कारतूस तथा घटना में प्रयुक्त पिकअप वाहन बरामद किया है। पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी बृजनन्दन राय एवं क्षेत्राधिकारी सदर के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी श्रवण कुमार के नेतृत्व में उपनिरीक्षक विकास प्रधान, उपनिरीक्षक दिनेश कुमार तथा पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर राम वन गमन मार्ग, बिहार बाईपास के पास से तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान नागेन्द्र सरोज निवासी कजियाना देवरपट्टी, राहुल कुमार निवासी शिवनी का पुरवा, बिहार तथा गुलशन कुमार सरोज निवासी फूलपुर देवरपट्टी, थाना बाघराय के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पूछताछ में स्वीकार किया कि उन्होंने 1 जुलाई 2026 की रात ग्राम कोडराजीत से एक भैंस और एक पड़वा चोरी कर सुनसान स्थान पर छिपा दिया था। मौका मिलते ही इन्हें बेचने के लिए प्रयागराज ले जाया जा रहा था, तभी पुलिस ने धर दबोचा। पूछताछ में आरोपियों ने यह भी कबूल किया कि लगभग डेढ़ माह पूर्व ग्राम मलावा छजईपुर से भी एक भैंस और पाड़िया चोरी कर कौशांबी के अजुआ बाजार में 40 हजार रुपये में बेच दी थी तथा रकम आपस में बांट ली थी। बरामदगी के आधार पर संबंधित मुकदमों में भारतीय न्याय संहिता की धारा 317(2) की बढ़ोतरी की गई है। वहीं अवैध तमंचा और कारतूस मिलने पर आर्म्स एक्ट की धारा 3/25 भी जोड़ी गई है। घटना में प्रयुक्त पिकअप वाहन को मोटर वाहन अधिनियम की धारा 207 के तहत सीज कर विधिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस की इस कार्रवाई से पशु चोरी की दो प्रमुख घटनाओं का सफल खुलासा हुआ है। क्षेत्रीय लोगों ने बाघराय पुलिस की तत्परता की सराहना करते हुए उम्मीद जताई है कि इस कार्रवाई से पशु चोरी की घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगेगा।