बगहा। शारदीय नवरात्र के पावन अवसर पर बगहा नगर में मां बेलवंती रानी की ऐतिहासिक डोला यात्रा धूमधाम, श्रद्धा और हर्षोल्लास के साथ निकाली गई। माता रानी के दर्शन और आशीर्वाद प्राप्त करने के लिए सड़कों पर श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। ‘जय माता दी’ और ‘सच्चे दरबार की जय’ के जयकारों से पूरा नगर भक्तिमय हो उठा। काली स्थान की डोला यात्रा में इस वर्ष करीब 11 हजार कुंवारी कन्याओं की भागीदारी विशेष आकर्षण का केंद्र रही। बड़ी संख्या में कन्याओं के साथ छोटे-छोटे बच्चों की मौजूदगी ने भी लोगों का ध्यान खींचा। ढोल-नगाड़ों, पारंपरिक वाद्य यंत्रों और भक्ति गीतों के बीच श्रद्धालु पूरे उत्साह के साथ यात्रा में शामिल हुए। नगर भ्रमण के दौरान स्थानीय लोगों और दुकानदारों ने माता के डोले का भव्य स्वागत किया। कई स्थानों पर पूजा समितियों और समाजसेवियों की ओर से पेयजल एवं फल वितरण की व्यवस्था की गई। आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। काली स्थान दुर्गा पूजा समिति के अध्यक्ष अजय गुप्ता, उपाध्यक्ष सिंटू सिंह उर्फ रमेश रंजन और समिति के सदस्यों ने बताया कि बगहा में दुर्गा पूजा की शुरुआत वर्ष 1966 में काली स्थान से हुई थी। इसकी शुरुआत स्वर्गीय पंडित रामशंकर सुकुल, स्वर्गीय बिशुन प्रकाश, शालिग्राम और स्वर्गीय ठाकुर प्रकाश के प्रयासों से हुई थी। इसके बाद नगर के अन्य स्थानों पर भी दुर्गा पूजा की परंपरा शुरू हुई। वहीं, बगहा एसडीएम चांदनी कुमारी ने कहा कि माता का पट खुलने के अवसर पर शामिल होना उनके लिए सुखद अनुभूति रही। उन्होंने नारी शक्ति के सम्मान और सशक्तिकरण पर जोर देते हुए कहा कि सभी लोगों को हर दिन महिलाओं के सम्मान और विकास के लिए एक कदम आगे बढ़ाना चाहिए। साथ ही उन्होंने श्रद्धालुओं से नियमों का पालन करते हुए पुलिस सुरक्षा के बीच शांतिपूर्ण और हर्षोल्लास के साथ नवरात्र मनाने की अपील की और सभी को पर्व की शुभकामनाएं दीं। वहीं, बगहा एसडीपीओ निहार भूषण ने बताया कि नवरात्र को लेकर पूरे बगहा में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की गई है। जहां-जहां पूजा पंडालों में प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं, वहां पर्याप्त संख्या में पुलिस पदाधिकारियों और जवानों की तैनाती की गई है। उन्होंने लोगों से किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि या समस्या की सूचना पुलिस को देने की अपील की।